उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा की सम्पूर्ण जानकारी (UP TET 2016)

2
2652

उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा की सम्पूर्ण जानकारी

शासनदेश संo 1742/15-11-2014-2750/2012 शिक्षा अनुभाग -11 दिनांक 24.12.2014 एवम् शासनदेश सं 1694/15-11-2015-2750/12 शिक्षा अनुभाग -11 दिनांक 25.11.2015 में दिये गये निर्देश के अनुपालन में उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) 2015 हेतु इच्छुक अभ्यर्थियों से ऑनलाइन आवेदन पत्र आमंत्रित किये गए है ऑनलाइन आवेदन हेतु शैक्षिक अर्हता,आवेदन शुल्क,पाठ्यक्रम संरचना,परीक्षा अवधि व स्वरूप एवम् अन्य शर्तो सहित विस्तृत दिशा निर्देश एनo आईo सीo द्वारा निर्मित वेबसाइट http://upbasiceduborad.gov.in पर उपलब्ध है इसी वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन हेतु पंजीकरण फार्म, आवदेन शुल्क, जमा करने हेतु स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया का लिंक एवम् ऑनलाइन आवेदन पत्र उपलब्ध है निर्धारित समय सारणी निम्नवृत है-

1 ऑनलाइन पंजीकरण प्रारम्भ होने की तिथि 26.11.2015 (अपराह्न से)
2 ई-चालान द्वारा आवेदन शुल्क जमा करने हेतु प्रारंभ तिथि 27.11.2015
3 ऑनलाइन पंजीकरण की अंतिम तिथि 16.12.2015(सांय से 6.00 बजे तक)
4 निर्धारित माध्यम से आवेदन शुल्क जमा करने की अंतिम तिथि 17.12.2015
5 ऑनलाइन आवेदन पूर्ण करने की अंतिम तिथि 18.12.2015 (सांय से 6.00 बजे तक)
6 ऑनलाइन आवेदन में की गयी त्रुटियों मे नियमानुसार संशोधन करने हेतु प्रारंभ तिथि 21.12.2015(अपराह्न से)
7 ऑनलाइन आवेदन में की गयी त्रुटियों मे नियमानुसार संशोधन करने हेतु अंतिम तिथि 24.12.2015 (सांय से 6.00 बजे तक)

 

पद का नामप्राइमरी शिक्षक, उच्च प्राथमिक शिक्षक

शैक्षणिक योग्यता-  उम्मीदवार को उपरोक्त परीक्षा के लिए आवेदन करने हेतु प्रशिक्षित स्नातक होना चाहिए

आयु सीमा- उम्मीदवारों की आयु 18 से 30 होनी चाहिए। अनुसूचित जाति/ जनजाति/ पिछड़ा वर्ग तथा अन्य आरक्षित वर्गों को नियमानुसार आयु में छूट दी जाएगी। विस्त़ृत विवरण के लिए विभाग द्वारा जारी विज्ञापन देखें।
चयन प्रकिया- उम्मीदवारों का चयन लिखित परीक्षा के माध्यम से किया जाएगा।
परीक्षा पैटर्न : – शिक्षक पद के लिए चयन लिखित परीक्षा के आधार पर किया जाएगा। लिखित परीक्षा में सभी प्रश्न वस्तुनिष्ठ रूप से पूछे जाएगे। प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होगा। नकारात्मक मूल्यांकन नही होगा। शिक्षक पात्रता परीक्षा के दो पेपर होगे।

  1. प्रथम प्रश्न पत्र (पेपर Ist) ऐसे व्यक्ति जो कक्षा 1 से 5 तक के लिए शिक्षक बनना चाहते है। (प्राथमिक स्तर)

2.द्वितीय प्रश्नपत्र (पेपर IInd)ऐसे व्यक्ति जो कक्षा 6 से 8 तक के लिए शिक्षक बनना चाहते है। (उच्च प्राथमिक स्तर)

3.जो व्यक्ति दोनों स्तर के लिए आवेदन देना चाहता है। उन्हें दोनों पेपर देने होगे।

प्रथम प्रश्न पत्र प्राथमिक स्तर के लिए ( कक्षा 1 से 5 तक के लिए)

·         परीक्षा की अवधि ढाई घंटा होगी

क्रम संख्या विषय वस्तु प्रश्नों की संख्या अंक
1 बाल विकास एवम् शिक्षण विधि 30 MCQ 30
2 भाषा प्रथम 30 MCQ 30
3 भाषा द्वितीय (उर्दू,संस्कृत,इंग्लिश में से कोई) 30 MCQ 30
4 गणित 30 MCQ 30
5 पर्यावरणीय अध्ययन 30 MCQ 30
  कुल 150 150

 

द्वितीय प्रश्न पत्र उच्च प्राथमिक स्तर के लिए ( कक्षा 6 से 8 तक के लिए)

परीक्षा की अवधि ढाई घंटा होगी

क्रम संख्या विषय वस्तु प्रश्नों की संख्या अंक
1 बाल विकास एवम् शिक्षण विधि 30 MCQ 30
2 भाषा I(अनिवार्य) 30 MCQ 30
3 भाषा द्वितीय (उर्दू,संस्कृत,इंग्लिश में से कोई) 30 MCQ 30
4 (क)गणित एवम् विज्ञान शिक्षक के लिए गणित/विज्ञान

(ख)सामाजिक अध्ययन या सामाजिक विज्ञान शिक्षक के लिए सामाजिक अध्ययन

(ग)अन्य किसी शिक्षक के लिए (क) और(ख) कोई भी

 

 

30 MCQ 30
5 पर्यावरणीय अध्ययन 30 MCQ 30
  कुल 150 150

परीक्षा पाठ्यक्रम :-

  • बाल विकास एवम् शिक्षण विधि -विकास की अवधारणा तथा अधिगम के साथ उसका संबंध,बालको के विकास के सिद्धान्त,आनुवांशिकता और पर्यावरण के प्रभाव,सामाजिकीकरण प्रक्रियाएं,और वायगोटस्की,पाईगेट,कोलबर्ग:-निर्माण और विवेचित संदर्श, भाषा और चिंतन,समाज निर्माण के रूप में लिंग:-लिंग भूमिकाएं,लिंग पूर्वाग्रह और शैक्षणिक व्यवहार,समावेशी शिक्षा अर्थ,प्रकृति व सिद्धान्त,पियाजे थ्योरी,मसलो थ्योरी,अधिगम और अध्यापन आदि।
  • भाषा:- भाषा बोधगम्यता-अनुच्छेदो को पढना-दो अनुच्छेद ,गद्य अथवा नाटक और कविता जिसमे बोधगम्यता निष्कर्ष,व्याकरण,और मौखिक योग्यता से संबंधित प्रश्न होगे-(गद्य अनुच्छेद साहित्यिक,वैज्ञानिक,वर्णात्मक,अथवा तर्कमूलक हो सकता अनुच्छेद,कविता,गद्यांश, भाषा विकास का अध्यापन,भषा कौशल,एक भिन्नक्षा में भाषा पढ़ाने की चुनौतियां,भाषा की कठिनाइयां और विकास,अधिगम सामग्री,पाठ्य पुस्तक,मल्टीमीडिया सामग्री आदि।
  • गणित – ज्यामिति,आकार और स्थानिक समझ,संख्याएं,जोड़ना और घटाना,गुणा करना,विभाजन,मापन,भार,समय,परिमाण,आँकड़ा प्रबंधन,पैटर्न,राशि,पाठ्यचार्य में गणित का स्थान,गणित की भाषा,सामुदायिक गणित, औपचारिक एवम् अनौपचारिकता मूल्यांकन,शिक्षण की समस्याए आदि।
  • विज्ञान – विज्ञान की प्रकृति और संरचना.प्राकृतिक विज्ञान/लक्ष्य और उद्देश्य,प्रयोग,समस्याएं, मूल्यांकन,भोजन,भोजन के स्रोत,भोजन के अवयव,जीव -जन्तुओ की दुनिया,चीजे कैसे कार्य करती है,देनिक प्रयोग की सामग्री,चुबंक आदि।
  • सामाजिक अध्ययन: – कब,कहाँ और कैसे,प्रारंभिक समाज,प्रथम कृषक और चरवाहे,प्रथम शहर, प्रारंभिक राज्य, नए विचार, प्रथम साम्राज्य,नए विचार,राजनैतिक गतिविधियाँ,संस्कृति और विज्ञान, नए सम्राट और साम्राज्य,दिल्ली के सुल्तान,वास्तुकला, साम्राज्य का सृजन, सामाजिक परिवर्तन, क्षेत्रीय संस्कृतियाँ, कंपनी शासन की स्थापना, ग्रामीण जीवन और समाज, 1857-58 के विद्रोह ,महिलाएं और सुधार, जाति व्यवस्था को चुनौती ,राष्ट्रवादी आंदोलन, स्वतंत्रता के पश्चात् भारत, आदि।

उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा 2015 में सफलता प्राप्त करने के लिए टिप्स और रणनीतियां

  1. बाल विकास एवम् शिक्षण :- परीक्षा में सबसे पहले बाल विकास एवम् शिक्षण के सवालों को हल करे इस विषय में आपको अपनी सूझ का प्रयोग करना होता अगर आप प्रश्नों को केवल ध्यान से पढेगे तो आपको कुछ सवालो के उत्तर आसानी से ही मिल जायेगे

2.भाषा खंड :- भाषा खंड में सबसे पहले अनुच्छेदो को हल करे अनुच्छेद को हल करने से पहले प्रश्नों को पहले पढ़ ले और उन्ही के अनुसार उत्तर ज्ञात करने की कोशिश करे उसके बाद कविता के प्रश्नों को हल करे ,उसके बाद वर्तनी, उपचारात्मक शिक्षण ,भाषा समस्याए और कक्षा शिक्षण से संबंधित प्रश्नो को करे

3.अपने कमज़ोर को विषयो पहचाने: सबसे पहले आपको अपने कमज़ोर विषयो की पहचान करनी चाहिए। जब आपको ज्ञात हो जाए कि आपके कमज़ोर विषय कौन से है तो आपको उन पर अधिक से अधिक समय देने चाहिए ताकि आप कट ऑफ प्राप्त कर सके। हिंदी में कहावत है कि- करत करत अभ्यास के जङमति होत सुजान,रसरी आवत जात, सिल पर करत निशान। अभ्यास एक ऐसा गुणं है जो उपलब्धियों एवं सफलताओं का रास्ता प्रशस्त करता है। जीवन में नित नई बातों को सीखना तथा उसका अभ्यास करते रहना जीवन की सतत प्रक्रिया है।

4.परीक्षा पैटर्न और सिलेबस को समझे – परीक्षा की तैयारी करने से पहले आपको ये ज्ञात होना चाहिए कि परीक्षा का पैटर्न और सिलेबस क्या है।हर परीक्षा का पैटर्न भिन्न भिन्न होता है जैसे प्रश्नों की कुल संख्या,भागो की संख्या,परीक्षा अवधि आदि। परीक्षा में सफलता पाने के लिए ज़रूरी है कि जिस तरह से परीक्षा का पैटर्न है आप उसी के अनुसार तैयारी करे।

5.समय-प्रबंधन कौशल  -स्वयं को प्रश्न तेजी से हल करने के लिए तैयार करने हेतु अभ्यर्थी को समय-प्रबंधन के कौशल विकसित करने चाहिए। उसे न्यूनतम संभव समय में अधिकतम प्रश्न हल करने के हिसाब से समय समर्पित करना चाहिए। समय टॉपिक्स की तैयारी और अभ्यास के अनुसार दिया जाना चाहिए।

6.मोक टेस्ट के द्वारा अभ्यास करे – परीक्षा से पहले प्रतिदिन मोक टेस्ट ज़रुर

ले। परीक्षा से पहले अगर आप प्रतिदिन मोक टेस्ट लेते है तो आपको परीक्षा देते समय आनी वाली परेशानियाँ पता चल जाएगी जिनमें आप प्रयास करके सुधार कर सकते। मोक टेस्ट उसी प्रकार से तैयार किए जाते है जिस तरह से पेपर आता है जब आप मोक टेस्ट के द्वारा परीक्षा की तैयारी करते है तो आपको ये ज्ञात हो जाता है कि आपको किस भाग में परेशानी आ रही है जिसे आपको दूर करना है।

अगर आप दी गई सभी टिप्स का पालन करे तो आप परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त कर सकते। अभ्यर्थियों को बेहतर अंक लाने के लिए सिर्फ पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों और ऑनलाइन प्रश्नपत्रों का अधिकाधिक अभ्यास करने की आवश्यकता है!

यहाँ क्लिक कीजिए प्राइमरी टीचर्सऑनलाइन मॉक टेस्ट  लेने के लिए सिर्फ़ 49 में!

यहाँ क्लिक कीजिए अप्पर  प्राइमरी टीचर्सऑनलाइन मॉक टेस्ट  लेने के लिए सिर्फ़ 49 में!

  • Mayank sir

    साइट तो चल नहीं रही……….. आवेदन क्या खाक करेंगे

    • Vaibhav

      Mayank i think patience has its own virtues. Maybe due to high traffic the website of UP TET is down.